पटाखा फैक्ट्री अग्निकांड: मुख्य आरोपी पर रेप समेत 6 केस:दिल्ली-तमिलनाडु से मंगवा रहा था अवैध बारूद; इलाके में डोर-टू-डोर सर्वे शुरू

जयपुर में पटाखा फैक्ट्री अग्निकांड मामले की जांच में कई बड़े खुलासे हुए हैं। जिस फैक्ट्री में विस्फोट हुआ, उसे 2 भाई कयूम और याकूब अवैध रूप से चला रहे थे। हादसे के बाद से ही दोनों भाई फरार हैं। पुलिस उनकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, कयूम के खिलाफ पहले से ही 6 आपराधिक मुकदमे दर्ज है। पहला मामला साल 1996 में मालवीय नगर थाने में मारपीट के आरोप में दर्ज हुआ था। इसके बाद 1997 में मालवीय नगर थाने में ही रास्ता रोकने का मामला दर्ज हुआ था। साल 2002 में दौसा के महुआ में आबकारी अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज हुआ। साल 2008 में मालवीय नगर थाने में धोखाधड़ी, जबकि 2013 में ज्योति नगर थाने में रेप केस दर्ज हुआ। वहीं, साल 2024 में खोह-नागोरियान थाने में मारपीट का मामला दर्ज किया गया। पुलिस के अनुसार, कयूम आदतन अपराधी है। उधर, मामले में राज्य मानवाधिकार आयोग ने जयपुर पुलिस कमिश्नर समेत अन्य संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी किया है। इलाके में डोर-टू-डोर सर्वे, ड्रोन और डॉग स्क्वॉड से सर्च
खोह-नागोरियान थानाधिकारी प्रकाश राम विश्नोई ने बताया- मामले में गुरुवार को 2 नए मुकदमे दर्ज किए गए हैं। पुलिस ने ड्रोन कैमरों और डॉग स्क्वॉड की मदद से 500 से अधिक मकानों में सघन तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान रिहायशी इलाके में चल रहे एक रूई और 2 प्लास्टिक के अवैध गोदामों को सीज किया गया। साथ ही, मॉडिफाइड बाइक के एक अवैध गोदाम को भी सील कर दिया गया है। 100 घरों को नोटिस देने की तैयारी
पुलिस ने ऐसे करीब 100 घरों को चिह्नित किया गया है, जिन मकानों में कबाड़ का काम और ब्रेड-टोस्ट बनाने जैसी व्यावसायिक गतिविधियां अवैध रूप से चल रही थी। इन सभी को नगर निगम और जयपुर विकास प्राधिकरण (जेडीए) को रिपोर्ट भेजकर नोटिस जारी करवाए जाएंगे। सूत्रों के अनुसार, गोदामों से करीब 300 से अधिक संदिग्ध कट्टे जब्त कर ट्रकों के जरिए सुरक्षित स्थान पर भिजवाए गए। दिल्ली और तमिलनाडु से मंगवाया जा रहा था अवैध बारूद
उधर, पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी दिल्ली और तमिलनाडु से अवैध रूप से बारूद मंगवाकर पटाखे बना रहे थे। पुलिस को यह भी जानकारी मिली है कि आरोपी जयपुर में पांच अलग-अलग स्थानों पर अवैध पटाखा फैक्ट्रियां चला रहे थे। दिल्ली में बैठकर अवैध नेटवर्क ऑपरेट कर रहा था फिरोज
जांच में सामने आया है कि यहां बनने वाले पटाखों की सप्लाई न सिर्फ जयपुर बल्कि दिल्ली और अन्य राज्यों में भी की जा रही थी। पुलिस अब इस पूरे सिंडिकेट को खंगाल रही है और सप्लाई चेन से जुड़े लोगों को चिह्नित कर रही है। खोह-नागोरियान थाने में दर्ज FIR में पुलिस ने फिरोज नाम के एक और आरोपी को नामजद किया है। पुलिस के अनुसार, फिरोज दिल्ली में बैठकर इस पूरे अवैध नेटवर्क को ऑपरेट कर रहा था। पुलिस की एक टीम उसकी धरपकड़ के लिए दिल्ली में सक्रिय है। 2 और शवों की हुई शिनाख्त, परिजनों को सौंपे शव
उधर, इस भीषण अग्निकांड में जान गंवाने वाले दो और मृतकों की शिनाख्त हो गई है। इनमें से एक गाजियाबाद का रहने वाला नासिर और दूसरा दिल्ली का रेहान है। पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दोनों के शव उनके परिजनों को सौंप दिए गए। हादसे में अब तक समीर, आजिम, अब्दुल वहीद, रबिल, बिलाल, अशरफ, नासिर और रेहान समेत कुल 8 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। पुलिस फरार मुख्य आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है। जयपुर पुलिस कमिश्नर समेत अन्य अधिकारियों को नोटिस
राज्य मानवाधिकार आयोग ने जयपुर पुलिस कमिश्नर समेत अन्य संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी किया है। नोटिस में इस बात पर विशेष जोर दिया कि पत्रकारों ने समय रहते इस मामले का सच उजागर किया। हादसे के बाद आयोग ने प्रदेशभर में संचालित सभी जोखिमपूर्ण इकाइयों की जांच करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, इस पूरे मामले में की गई कार्रवाई की रिपोर्ट पेश करने के लिए 30 जून तक का समय दिया है। आरोपियों पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सरकार से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है। गहलोत ने कहा- सरकार को संवेदनशीलता दिखाते हुए पीड़ित परिवारों से मिलना चाहिए और उनकी समस्याओं का समाधान करना चाहिए। साथ ही, अवैध पटाखा फैक्ट्रियां चलाने वालों पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। —- यह खबरें भी पढ़िए… कचरे की चिंगारी से लगी बारूद में आग:अवैध पटाखा फैक्ट्री में 8 लोग जिंदा जले थे, मकान मालिक पर एक मुकदमा पहले से दर्ज मां बोलीं- बेटा पानी पिलाने गया था, उसे ढूंढ लाओ:मैं उसके बिना जिंदा नहीं रह पाऊंगी, घर का सहारा चला गया जयपुर फैक्ट्री अग्निकांड- SHO सहित 9 पुलिसकर्मी सस्पेंड:तड़प रहा झुलसा युवक बोला- मर जाऊंगा; जिनके मकान में अवैध पटाखा फैक्ट्री थी, उनका आलीशान घर
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